टाइम लूप में फंसी एक म्यूज़ियम क्यूरेटर उस दिन को बार-बार जीती है जब सब कुछ गलत होता है. इस लूप से आज़ाद होने के लिए उसे अपनी परफ़ेक्ट ज़िंदगी से आगे जाकर सोचना होगा.